समस्तीपुर. नरेंद्र मोदी ने बुधवार को गुजरात में मतदान करने के बाद बिहार में रैलियां कीं। पटना रैली में हुए धमाकों का मुद्दा फिर उठाया। निशाने पर सोनिया गांधी औरराहुल गांधी के साथ लालू यादव और नीतीश कुमार भी रहे।
कृष्ण ने द्वारका से आए अपने बेटे को बचाया
॥पटना में रैली के दौरान बम ब्लास्ट में भगवान कृष्ण ने द्वारका से आए अपने बेटे को बचाया। कृष्ण की दया नहीं होती तो मैं आपके सामने आज मौजूद नहीं होता। तब यहां धमाके हो रहे थे। नौजवानों की जान जा रही थी, वे जख्मी हो रहे थे। उसी दिन द्वारकाधीश ने मुझे बचाया।
लालू जब जेल गए, तब 'मां-बेटे' ने रिहाई में उनकी मदद की थी। फिर वे मंच साझा करने से क्यों शर्मा रहे हैं। उनमें लोगों के सामने आने की हिम्मत नहीं है। आप परदे के पीछे खेल खेलते हैं, लेकिन खुले तौर पर आप ऐसा नहीं करते। कांग्रेस का लालू जी और राजद से लठबंधन है। बिहार में मां-बेटे ने प्रचार किया, फिर भी शर्माते हो? किस बात की शर्म आती है। ये दोगलापन नहीं तो क्या है? मलाई खाई है तो महफिल में आने से डरते हो? वे लालू से कहते हैं- हमारे साथ मत बैठो, नहीं तो हम देश से मिट जाएंगे।

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